shayadshayar
Sunday, October 30, 2016
इंद्रधनुष
इंद्रधनुष मटमैला मंज़ूर है
ये ज़िद्द है के मेरा गुरूर है
आसमां और भी थे जिन्हें छू सकता था मैं
इस सतरंगी मायाजाल में कुछ तो ज़ुरूर है!
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